अमृत भारत रेल्वे स्टेशन बाराद्वार में निर्माण कार्य की धीमी गति के कारण 30 प्रतिशत कार्य बाकी

बाराद्वार – भारत सरकार के वर्ष 2023 केंद्रीय बजट में बाराद्वार रेलवे स्टेशन को अमृत भारत योजना में शामिल किया गया था, जिससे बाराद्वार रेल्वे स्टेशन में कई करोड रूपये खर्च करते हुए रेल्वे स्टेशन में सुविधाओ का विस्तार किया जा रहा है, लेकिन निर्माण कार्य की गति धीमी होने के कारण रेल्वे स्टेशन के अंदर एवं बाहर फैले मटेरियल से यात्रियो को दिक्कतो का सामना करना पड रहा है। अब तक लगभग 70 प्रतिशत कार्य ही पूर्ण हो पाया है। बताते चले कि दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे में अमृत भारत योजना अमृत के तहत रेलवे बिलासपुर मंडल के 16 स्टेशनो को शामिल किया गया था, जिसमे बाराद्वार का भी नाम शामिल है। इस योजना के अंतर्गत रेलवे स्टेशन में वेटिंग हॉल, फूड स्टॉल, रिटेल आउटलेट बनाया जाएगा ताकि यात्रियो को एक ही जगह यह सारी सुविधाएं मिल सके। इन स्टेशनो में कोच डिसप्ले बोर्ड, लिफ्ट, एस्केलेटर, हाई लेवल प्लेटफार्म, टॉयलेट, स्टेशन सर्कुलेटिंग एरिया का विकास, स्टेशनो को स्थानीय कला और संस्कृति द्वारा सौंदरीकरण कर यात्री सुविधाओ का विस्तार किया जाएगा। अमृत भारत योजना के तहत बाराद्वार रेल्वे स्टेशन में 8.09 करोड रूपये की लागत से विभीन्न निर्माण कार्य प्रारंभ कर दिया गया था, लेकिन निर्माण कार्य की गति धीमी होने के कारण स्थानीय लोगो एवं यात्रियो में निराशा है। रेल्वे स्टेशन में प्लेटफार्म नं 1, 2 एवं 3 में कुल 6 शेड बनाये गये है, जिसमें से केवल 2 ही शेड में लाईट की ब्यवस्था की गई है, 4 शेड में रात्रि मे ंअंधेरा रहता है, सबसे महत्वपूर्ण सभी प्लेटफार्म में कोच डिसप्ले बोर्ड लगा तो दिया है लेकिन उसे चालु नही किया गया है। इसके अलावा प्लेटफार्म में निर्माणाधीन वेटिंग हाल, शौचालय व स्टेशन के बाहर विभीन्न निर्माण कार्य चल रहे है, जिसके कारण प्लेटफार्म के अंदर व स्टेशन के बाहर में मटेरियल फैले हुए है एवं प्लेटफार्म नं 1 व 2 में टाईल्स नही लगने के कारण फर्श भी अधूरे पडे हुए है, जिससे सभी को परेशानीयां हो रही है। बाराद्वार रेल्वे स्टेशन में पिछले कई महिनो से विभीन्न निर्माण कार्य चल रहा है, लेकिन एक भी कार्य पूर्ण नही हुआ है। बाराद्वार रेल्वे स्टेशन में निर्माण कार्य की धीमी गति के कारण आज तक एक भी कार्य पूर्ण नही हो पाये है, जिसके कारण अबतग लगभग 70 प्रतिशत कार्य ही हुए है, 30 प्रतिशत कार्य अभी भी अधूरे पडे है।
कोच डिसप्ले बोर्ड लंबे समय से लगा दिया गया प्लेटफार्म में, लेकिन अब तक चालु नही हुआ –
रेलवे स्टेशन बाराद्वार के प्लेटफार्म में कोच डिसप्ले बोर्ड लगा तो दिया गया है, लेकिन महीनो बीत जाने के बाद भी कोच डिसप्ले बोर्ड को इलेक्ट्रिक कनेक्शन नहीं दिया गया है, जिससे वह बंद पडा हुआ है एवं यात्रियो को शताब्दी, उत्कल, अहमदाबाद एक्सप्रेस में बुजुर्ग व महिला यात्रियां को दौड़कर पकड़ना पड़ रहा है, जिससे दुर्घटना की संभावना हमेशा बनी रहती है। इसके अलावा अनेक यात्रियों को अपने कोच की तलाश करने के चक्कर में ट्रेन छूटना आम बात हो गई है। यात्रियो ने कोच डिसप्ले बोर्ड को शीघ्र प्रारंभ कराने की मांग की है।
ओव्हर ब्रिज की घोषणा तो की दी लेकिन अब तक टंेडर जारी नही हुआ –
बाराद्वार रेल्वे स्टेशन में यात्री सुविधाओ के विस्तार के लिए 8.09 करोड के निर्माण कार्यो एवं 75 करोड़ का रोड ओव्हर ब्रिज का शिलान्यास समारोह रेल्वे स्टेशन परिसर बाराद्वार में 26 फरवरी 2024 को देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के द्वारा वर्चुअल रूप से किया गया था, जिसमे स्टेशन परिसर में 8.09 करोड के विभीन्न निर्माण कार्य प्रारंभ कर दिया गया था, लेकिन शिलान्यास के 1 वर्ष से अधिक बीत जाने के बाद भी अब तक 75 करोड की बडी राशि से बनने वाले रोड ओव्हर ब्रीज निर्माण करने के लिए विभाग के द्वारा टेंडर तक जारी नही किया गया है। ऐसे में बार बार रेल्वे फाटक बंद होने से रोजाना हो रही परेशानियो से नगर के लोगो को छूटकारा नही मिल पा रहा है एवं न ही कोई उम्मीद दिख रही है।




