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नियम विरुद्ध तरीके से कार्यरत प्राधिकृत अधिकारी द्वारा कराया जा रहा है फर्जी धान खरीदी विभाग मेहरबान!

घुटकु (बिलासपुर)। सेवा सहकारी समिति घुटकु में नियमों की अनदेखी कर प्राधिकृत अधिकारी की नियुक्ति किए जाने का गंभीर मामला सामने आया है। आरोप है कि समिति के प्राधिकृत अधिकारी दुर्गेश (दीपक) रजक घुटकु समिति के पंजीकृत किसान नहीं हैं, बल्कि वे ग्राम लमेर के निवासी हैं, जबकि लमेर पृथक रूप से सेवा सहकारी समिति के रूप में गठित हो चुकी है। इसके बावजूद नियम विरुद्ध तरीके से उन्हें घुटकु समिति में प्राधिकृत अधिकारी बनाए जाने से सहकारिता विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि दीपक रजक द्वारा बैंक परिसर में जनप्रतिनिधियों का नाम लेकर दबाव बनाया जाता है और दादागिरी की जाती है। इसके साथ ही उन पर कोचियागिरी में प्रत्यक्ष रूप से संलिप्त रहने के आरोप भी लगाए गए हैं। बताया जा रहा है कि राइस मिलरों से धान खरीद कर उसे समिति के माध्यम से किसानों के नाम पर खपाया जा रहा है, जो शासन की धान खरीदी नीति और नियमों का सीधा उल्लंघन है।


आरोपों के अनुसार ऐसे नियम विरुद्ध तरीके से पद पर बने प्राधिकृत अधिकारी को सहकारिता विभाग द्वारा संरक्षण प्रदान किया जा रहा है, जो समझ से परे है। बताया जा रहा है कि कई समितियों में अशासकीय प्राधिकृत अधिकारी खुलेआम मनमानी कर रहे हैं और स्वयं ही कोचिया की भूमिका निभा रहे हैं, जबकि सरकार का उद्देश्य धान की अवैध खरीदी और बिचौलियों पर प्रभावी रोक लगाना है।
इसके अलावा यह भी शिकायतें सामने आ रही हैं कि कई धान उपार्जन केंद्रों में अशासकीय प्राधिकृत अधिकारियों द्वारा अपने परिचित किसानों को विशेष सुविधा देते हुए बारदाना घर पहुंचाने की व्यवस्था की जा रही है। कुछ केंद्रों पर प्रति बोरा किसानों से अवैध राशि वसूले जाने की बातें भी सामने आई हैं, जिससे ईमानदार किसानों में रोष व्याप्त है।


फर्जी तरीके से पद पर बने रहना और अवैध धान खरीदी में कथित संलिप्तता न केवल शासन की व्यवस्था को कमजोर कर रही है, बल्कि जिला प्रशासन एवं सहकारिता विभाग की साख पर भी प्रश्नचिह्न लगा रही है। अब देखना यह होगा कि बिलासपुर जिला प्रशासन ऐसे प्राधिकृत अधिकारियों पर ठोस कार्रवाई करता है या फिर आंख मूंदकर मौन स्वीकृति देता रहेगा। सवाल यह भी है कि प्रशासन की सख्ती केवल कमजोर किसानों तक सीमित रहेगी या नियम तोड़ने वाले प्रभावशाली लोगों तक भी पहुंचेगी।

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