किसानों की मेहनत पर डाका, धमकी देने वाले उपार्जन केंद्र प्रभारी के खिलाफ किसानों ने खोला मोर्चा

0 किसानों को धमकी देने का आरोप, कम्प्यूटर आपरेटर को भी हटाने की मांग
जेठा(सक्ती)– धान उपार्जन केंद्र लवसरा के प्रभारी पर क्षेत्र के किसानों ने धमकी देने व तौल में अधिक धान लेने का आरोप लगाते हुए हटाने की मांग की है। ऑन लाइन टोकन को भी जबरन निरस्त करने का आरोप लगाया है। प्रभारी तथा कम्प्यूटर आपरेटर को हटाने की मांग का ज्ञापन किसानों ने कलेक्टर को दिया है। धान उपार्जन केंद्र प्रभारी के खिलाफ क्षेत्र के किसानों ने मोर्चा खोल दिया है।
इस संबंध में मिली जानकारी के मुताबिक जिला सहकारी केंद्रीय बैंक मर्यादित शाखा बाराद्वार अंतर्गत धान उपार्जन केंद्र लवसरा में धान खरीदी प्रभारी द्वारा क्षेत्र के किसानों से शासन के नियम विरुद्ध मात्रा से अधिक आधा से 1 किलो धान अधिक लिया जा रहा है एवं किसानों को बेवजह परेशान किया जाता है। गंभीर आरोप लगाते हुए किसानों ने बताया कि किसानों से अतिरिक्त राशि की मांग भी प्रभारी के द्वारा की जाती है।

जिससे क्षेत्र के किसान बेहद परेशान हो चुके हैं। इसी प्रकार किसानों ने बताया कि 12 दिसंबर को ऑनलाइन टोकन कटवाया गया था। कुछ किसानों का जब टोकन के आधार पर धान मंडी में लाया गया तो उपार्जन केंद्र के प्रभारी एवं कंप्यूटर ऑपरेटर के द्वारा नहीं लिया गया। ऑनलाइन टोकन को नहीं लेंगे कहकर सभी किसानों को धान उपार्जन केंद्र में धान रखने से मना कर दिया गया। कलेक्टर से शिकायत करते हुए किसानों ने बताया है कि इस संबंध में रायपुर टोल फ्री नंबर पर भी शिकायत की गई है। किसानों ने बताया कि जब शिकायत की जानकारी उपार्जन केंद्र के प्रभारी शत्रुघ्न साहू को पता चली तो उन्होंने व्यक्तिगत तौर पर किसानों को धमकी दी है।
किसान श्याम लाल बरेठ ने बताया कि 12 दिसंबर को बड़े बड़े किसानों को हजारों बोरा दिया गया और छोटे किसानों को बोरा नहीं दिया गया। धान उपार्जन केंद्र के प्रभारी के द्वारा लगातार भेदभाव किया जा रहा है। किसानों ने जब प्रभारी से उन सभी के टोकन को निरस्त करने का कारण पूछा तो प्रभारी के द्वारा धान नहीं लाया जाना बताया गया है जबकि किसान मंडी तक अपना धान लेकर पहुंचे थे। सभी किसानों ने धान उपार्जन केंद्र के प्रभारी शत्रुघ्न साहू को तत्काल हटाने की मांग की है। सभी ने एकजुटता से आवाज बुलंद करते हुए कलेक्टर से कहा है कि मंडी प्रभारी एवं कंप्यूटर ऑपरेटर को तत्काल हटाकर उनकी जगह दूसरे मंडी प्रभारी एवं कंप्यूटर की नियुक्ति की जाए। ज्ञापन लेकर कलेक्ट्रेट पहुंचे किसानों में श्याम लाल बरेठ, जय राम, मनोज कुमार ,गोविंद राम ,महेश राम, खेमलाल, गिरजा शंकर ,दीपक साहू, राम सहित अन्य बहुत सारे किसान शामिल है।
पहले भी मिल चुकी है शिकायतें-
यहां के प्रभारी की शिकायत का यह कोई पहला वर्ष नहीं है विगत वर्षों में भी यहां अनियमितता एवं लापरवाही बरतने की शिकायतें मिल चुकी हैं। लेकिन उच्चाधिकारियों द्वारा ऐसे ही दागदार लोगों को प्रभारी बनाए जाने की ऐसी क्या मजबूरी है यह समझ से परे है।




