मिशन धान के तहत सख्त कार्रवाई: सक्ती जिले में 321 बोरी अवैध धान जप्त, अवैध गतिविधियों पर कलेक्टर का कड़ा शिकंजा

अवैध धान परिवहन–भंडारण पर निगरानी तेज, कंट्रोल रूम स्थापित, तड़के सुबह से देर रात तक प्रशासन सक्रिय
सक्ती। कलेक्टर श्री अमृत विकास तोपनो के सख्त निर्देशानुसार सक्ती जिले में अवैध धान परिवहन एवं भंडारण पर प्रभावी नियंत्रण के लिए सघन जांच अभियान लगातार जारी है। मिशन धान के तहत प्रशासन की सख्ती का असर साफ नजर आ रहा है। इसी क्रम में तहसील मालखरौदा अंतर्गत ग्राम अचरितपाली में बड़ी कार्रवाई करते हुए 321 बोरी अवैध धान जप्त किया गया है।
अतिरिक्त तहसीलदार छपोरा श्री अनुज पटेल के नेतृत्व में गठित जांच दल ने ग्राम अचरितपाली निवासी श्री अमरसिंह पिता धरमसिंह के ब्यारा में दबिश दी। जांच में पाया गया कि संबंधित व्यक्ति के नाम पर 1.509 हेक्टेयर भूमि दर्ज है तथा वह 5 जनवरी 2026 को टोकन कटवाकर धान विक्रय कर चुका है। इसके बावजूद उसके ब्यारा में लगभग 321 बोरी धान भंडारित पाया गया, जिसके संबंध में कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किया जा सका। जांच दल द्वारा मौके पर ही कार्रवाई करते हुए 321 बोरी धान जप्त कर कोटवार के सुपुर्दनामा में दिया गया।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि समर्थन मूल्य पर धान खरीदी अवधि के दौरान अवैध परिवहन, भंडारण एवं कोचियों–बिचौलियों की गतिविधियों पर कड़ी नजर रखी जा रही है। तड़के सुबह से लेकर देर रात तक अधिकारी-कर्मचारी लगातार क्षेत्र में भ्रमण कर रहे हैं, ताकि किसी भी तरह की गड़बड़ी को समय रहते रोका जा सके।
इसी कड़ी में कलेक्टर श्री अमृत विकास तोपनो एवं जिला पंचायत सीईओ श्री वासु जैन के मार्गदर्शन में जिले में धान की अवैध गतिविधियों पर रोक के लिए जिला स्तरीय कंट्रोल रूम की स्थापना की गई है। जिला पंचायत सक्ती में स्थापित इस कंट्रोल रूम का नंबर 07757-233470 जारी किया गया है, जहां आम नागरिक अवैध धान परिवहन, भंडारण, कोचियों-बिचौलियों की गतिविधियों अथवा अन्य जिलों व राज्यों से आने वाले अवैध धान की सूचना सीधे दे सकते हैं।
कंट्रोल रूम में प्राप्त शिकायतों को तत्काल संबंधित तहसीलदार एवं अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) को भेजा जाएगा, ताकि त्वरित और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके। इसके लिए विशेष कर्मचारियों की ड्यूटी भी लगाई गई है।
कलेक्टर श्री अमृत विकास तोपनो ने दो टूक कहा है कि धान से जुड़ी किसी भी अवैध गतिविधि को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। किसानों के हितों की रक्षा और खरीदी व्यवस्था में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए जिला प्रशासन पूरी सख्ती के साथ कार्रवाई करता रहेगा। उन्होंने आमजन से अपील की है कि वे निर्भीक होकर अवैध गतिविधियों की सूचना दें, ताकि वास्तविक किसानों को योजनाओं का पूरा लाभ मिल सके।




