चलती ट्रकों से खाद्यान्न चोरी करने वाला गैंग सक्रिय, ट्रक मालिकों में बढ़ी चिंता

नंदेली भाटा चौक क्षेत्र में सीसीटीवी में कैद हुई वारदातें, पुलिस कार्रवाई की मांग तेज
सक्ती। जिला मुख्यालय सक्ती के नंदेली भाटा चौक एवं आसपास के क्षेत्रों में चलती ट्रकों से खाद्यान्न सामग्री के बोरे चोरी होने की घटनाएं लगातार बढ़ती जा रही हैं। इन घटनाओं से ट्रांसपोर्टरों और ट्रक मालिकों में भारी चिंता एवं नाराजगी व्याप्त है। बताया जा रहा है कि बदमाश संगठित गैंग बनाकर चलती ट्रकों को निशाना बना रहे हैं और पीछे से तिरपाल उठाकर खाद्यान्न के बोरे नीचे गिराकर चोरी की वारदात को अंजाम दे रहे हैं।
जानकारी के अनुसार नंदेली भाटा चौक के आसपास भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई), कृषि उपज मंडी, छत्तीसगढ़ वेयर हाउसिंग कॉर्पोरेशन, धर्मकांटा तथा अनेक राइस मिलें संचालित हैं, जहां से प्रतिदिन सैकड़ों ट्रकों का आवागमन होता है। इसी व्यस्त मार्ग पर नंदेली भाटा चौक से बोइरडीह होते हुए टेमर फाटक तथा रगजा मार्ग पर सक्रिय बदमाश ट्रकों से माल चोरी कर रहे हैं।
स्थानीय लोगों और ट्रक संचालकों के अनुसार, चोरी की कई घटनाएं आसपास की दुकानों में लगे सीसीटीवी कैमरों में भी रिकॉर्ड हुई हैं। फुटेज में कुछ युवक चलती ट्रकों के पीछे चढ़कर तिरपाल हटाते और बोरे नीचे गिराते दिखाई दे रहे हैं। इसके बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं होने से ट्रक मालिकों में आक्रोश है।
ट्रक मालिकों का कहना है कि इस संबंध में पहले भी पुलिस को मौखिक जानकारी दी जा चुकी है, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हो पाया है। अब ट्रांसपोर्टरों और ट्रक मालिकों ने सामूहिक रूप से ज्ञापन सौंपकर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करने का निर्णय लिया है।
कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा
विशेषज्ञों और स्थानीय लोगों का मानना है कि चोरी की इन घटनाओं से केवल आर्थिक नुकसान ही नहीं हो रहा, बल्कि गंभीर दुर्घटना की आशंका भी बनी हुई है। जिस तरह बदमाश चलती ट्रकों के पीछे चढ़कर वारदात को अंजाम दे रहे हैं, उससे उनके गिरने या किसी अन्य वाहन की चपेट में आने से बड़ा हादसा हो सकता है। इसके बावजूद चोरी की नीयत से वे अपनी और दूसरों की जान जोखिम में डाल रहे हैं।
ट्रक मालिकों एवं नागरिकों ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान कर तत्काल कार्रवाई की जाए, ताकि चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सके और भविष्य में किसी बड़ी दुर्घटना से बचा जा सके। स्थानीय लोगों का कहना है कि फुटेज में संदिग्धों के चेहरे स्पष्ट दिखाई दे रहे हैं, जिससे उनकी पहचान कर गिरफ्तारी करना संभव है।
क्षेत्र में बढ़ती इस आपराधिक गतिविधि ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं और अब सभी की निगाहें पुलिस की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।




