जगन्नाथपुरम में जमीन बेचकर भूला मालिक! 15 साल बाद भी सड़क-नाली नसीब नहीं, सुविधाओं के नाम पर सिर्फ आश्वासन

आशियाने का सपना लेकर जमीन खरीदने वालों को मिला बदहाली का रास्ता, मूलभूत सुविधाओं के अभाव से परेशान रहवासी पहुंचे थाने; एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई की मांग
सक्ती, 30 अक्टूबर 2026। लोगों ने अपनी जिंदगीभर की मेहनत की कमाई लगाकर इस उम्मीद में जमीन खरीदी थी कि वहां एक बेहतर आवासीय कॉलोनी विकसित होगी, पक्की सड़कें होंगी, नालियां होंगी और जरूरत की सभी मूलभूत सुविधाएं मिलेंगी। लेकिन विडंबना देखिए, करीब 15 साल बीत जाने के बाद भी जगन्नाथपुरम कॉलोनी के रहवासी सड़क और नाली जैसी बुनियादी सुविधाओं के लिए तरस रहे हैं। जमीन बिक्री के समय किए गए वादे आज तक पूरे नहीं हुए। इससे नाराज प्रभावित जमीन क्रेताओं एवं कॉलोनीवासियों ने अब जमीन मालिक के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। उन्होंने थाना सक्ती में लिखित शिकायत देकर धोखाधड़ी के आरोपों की जांच और एफआईआर दर्ज करने की मांग की है।

वादों की लंबी फेहरिस्त, जमीन पर सुविधाओं का नामोनिशान नहीं
शिकायतकर्ताओं के अनुसार, जमीन बिक्री के दौरान मालिक द्वारा कॉलोनी को विकसित करने और तमाम मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने का भरोसा दिलाया गया था। इसमें पक्की सड़क एवं आवागमन की उचित व्यवस्था, नाली निर्माण और पानी निकासी, शादी भवन (सामुदायिक भवन), मंदिर निर्माण, अस्पताल एवं स्वास्थ्य संबंधी सुविधाएं तथा स्कूल सहित अन्य सार्वजनिक सुविधाएं शामिल थीं। इन्हीं वादों पर विश्वास कर लोगों ने अपनी मेहनत की कमाई निवेश कर जमीन खरीदी थी।
15 साल में भी नहीं बन सकी पक्की सड़क और नाली
हैरानी की बात यह है कि लगभग डेढ़ दशक गुजर जाने के बाद भी कॉलोनी की स्थिति में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ है। शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि आज तक पक्की सड़क और नाली का निर्माण तक नहीं कराया गया। इसके कारण रहवासियों को रोजाना आवागमन, पानी निकासी और अन्य दैनिक समस्याओं से जूझना पड़ रहा है। जिस कॉलोनी में बेहतर जीवन का सपना दिखाया गया था, वहां आज भी लोग बुनियादी सुविधाओं के इंतजार में हैं।
गलत जानकारी और आश्वासन देकर जमीन खरीदवाने का आरोप
पीड़ितों ने शिकायत में आरोप लगाया है कि जमीन मालिक ने शुरुआत से ही कॉलोनी की सुविधाओं के संबंध में गलत जानकारी और आश्वासन देकर लोगों को जमीन खरीदने के लिए प्रेरित किया। उनका कहना है कि यदि उन्हें वास्तविक स्थिति की जानकारी होती तो वे अपनी मेहनत की कमाई इस जमीन में निवेश नहीं करते। अब वर्षों से लंबित समस्या को लेकर सभी प्रभावित लोगों ने एकजुट होकर न्याय की मांग उठाई है।
थाना सक्ती में शिकायत, एफआईआर दर्ज करने की मांग
30 अक्टूबर 2026 को सौंपे गए आवेदन में शिकायतकर्ताओं ने थाना प्रभारी से जमीन बिक्री से संबंधित दस्तावेजों एवं साक्ष्यों के आधार पर निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। उनका कहना है कि जांच में धोखाधड़ी अथवा अन्य संज्ञेय अपराध के तथ्य सामने आने पर संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर उचित कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि प्रभावित जमीन क्रेताओं को न्याय मिल सके।
कलेक्टर से नगर पालिका तक पहुंची शिकायत
इस मामले में पीड़ितों ने जिला कलेक्टर सक्ती, अनुविभागीय अधिकारी राजस्व सक्ती तथा मुख्य नगर पालिका अधिकारी, नगर पालिका परिषद सक्ती को भी शिकायत की प्रतिलिपि सौंपकर हस्तक्षेप की मांग की है।
अब प्रशासन के सामने कई सवाल हैं। आखिर जगन्नाथपुरम में 15 वर्षों तक मूलभूत सुविधाएं विकसित क्यों नहीं हुईं? जमीन बिक्री के समय किए गए वादों की वास्तविकता क्या है? क्या जमीन खरीदारों को उनका अधिकार मिलेगा? और क्या जिम्मेदारों की जवाबदेही तय होगी? वर्षों से परेशान कॉलोनीवासियों को अब पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई से न्याय मिलने की उम्मीद है।




